
Gujarat Rain Update: गुजरात में लगातार हो रही भारी बारिश और मौसम विभाग के रेड अलर्ट के बीच दक्षिण गुजरात में जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। सूरत और वलसाड में कई निचले इलाके जलमग्न हो गए हैं। स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने राहत एवं बचाव कार्य तेज कर दिए हैं, जबकि NDRF की टीमें संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात कर दी गई हैं।
सूरत में स्कूलों की छुट्टी घोषित
भारी बारिश और रेड अलर्ट की चेतावनी को देखते हुए सूरत जिला शिक्षा अधिकारी ने सभी सरकारी, अनुदानित और निजी प्राथमिक, माध्यमिक एवं उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों में 22 जुलाई 2026 को अवकाश घोषित किया है। आदेश के अनुसार, जिन क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति है वहां विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यह निर्णय लिया गया है। स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार आवश्यक होने पर विद्यालय प्रशासन को भी निर्णय लेने के निर्देश दिए गए हैं.

उधना-सचिन रोड पर घुटनों तक पानी
लगातार बारिश के कारण उधना-सचिन रोड पर घुटनों तक पानी भर गया। यह मार्ग सूरत के सबसे व्यस्त मार्गों में से एक है, जहां प्रतिदिन हजारों वाहन गुजरते हैं।
सड़क पर जलभराव होने से वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा और कई स्थानों पर यातायात धीमा हो गया।
सूरत की सभी खाड़ियां खतरे के स्तर पर
लगातार बारिश के चलते सूरत की सभी प्रमुख खाड़ियां खतरे के स्तर पर पहुंच गई हैं।
भेदवाड़ खाड़ी का जलस्तर तेजी से बढ़ने के बाद प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। संजयनगर झुग्गी बस्ती सहित आसपास के निचले इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।

NDRF की टीमें सूरत और वलसाड में तैनात
भारी बारिश और संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए 06 बटालियन NDRF ने सूरत और वलसाड के संवेदनशील क्षेत्रों में अपनी टीमें तैनात कर दी हैं।
सूरत में:
- पर्वत पाटिया क्षेत्र में जलभराव की स्थिति को देखते हुए एक NDRF टीम तैनात की गई है।
- सूरत महानगरपालिका के साउथ ज़ोन (उधना) में एक अतिरिक्त टीम स्टैंडबाय पर रखी गई है।
वलसाड में:
- हनुमान बगड़ा, दरुडिया वार्ड और तरिया वार्ड सहित निचले एवं संवेदनशील क्षेत्रों में NDRF की टीमें तैनात हैं।
- टीमें लगातार स्थिति की निगरानी कर रही हैं और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल राहत एवं बचाव कार्य के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की
सूरत और वलसाड जिला प्रशासन, नगर निगम, पुलिस तथा NDRF संयुक्त रूप से स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। नागरिकों से अपील की गई है कि वे जलभराव वाले क्षेत्रों में जाने से बचें, प्रशासन के निर्देशों का पालन करें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत हेल्पलाइन से संपर्क करें।
