
Islamabad/Balochistan: बलूचिस्तान में सक्रिय अलगाववादी संगठन बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (BLA) ने पाकिस्तानी सेना पर एक और बड़ा हमला करने का दावा किया है। संगठन के अनुसार, उसकी ‘फतह स्क्वाड’ ने मस्तुंग इलाके में पाकिस्तानी सैनिकों को ले जा रही एक बस को विस्फोट से उड़ा दिया, जिसमें 45 सैनिकों के मारे जाने का दावा किया गया है।
हालांकि, इस दावे की पाकिस्तानी सेना या किसी स्वतंत्र स्रोत से आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
राहत दल पर भी हमले का दावा
BLA का कहना है कि बस पर हमले के बाद घायल सैनिकों को बचाने पहुंचे पाकिस्तानी सुरक्षाकर्मियों को भी निशाना बनाया गया। संगठन ने दावा किया कि इस पूरी कार्रवाई में बड़ी संख्या में सैनिक हताहत हुए हैं।
गिलगित-बाल्टिस्तान को पांचवां प्रांत बनाने की तैयारी
इसी बीच पाकिस्तान में गिलगित-बाल्टिस्तान को देश का पांचवां प्रांत बनाने की प्रक्रिया भी चर्चा में है।
रिपोर्टों के अनुसार, गिलगित-बाल्टिस्तान विधानसभा ने सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पारित कर इस क्षेत्र को पाकिस्तान का प्रांत घोषित करने की मांग की है। अब इस प्रस्ताव को पाकिस्तान की संसद में पेश किया जाएगा।
भारत पहले भी स्पष्ट कर चुका है कि गिलगित-बाल्टिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) भारत का अभिन्न हिस्सा हैं, इसलिए इस क्षेत्र की स्थिति में किसी भी एकतरफा बदलाव को वह स्वीकार नहीं करता।
‘रिपब्लिक ऑफ बलूचिस्तान’ के नाम से पत्र वायरल
रिपोर्टों के मुताबिक, बलूचिस्तान में ‘रिपब्लिक ऑफ बलूचिस्तान’ के नाम से एक पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें बलूचिस्तान को पाकिस्तान से अलग स्वतंत्र राष्ट्र के रूप में दर्शाने का दावा किया गया है।
हालांकि, इस पत्र की प्रामाणिकता की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
चीनी परियोजनाओं की सुरक्षा बढ़ाई गई
बलूचिस्तान में लगातार हो रहे हमलों के बीच पाकिस्तान ने चीन समर्थित कॉपर और गोल्ड माइनिंग परियोजनाओं की सुरक्षा बढ़ा दी है।
रिपोर्टों के अनुसार, पाकिस्तान को आशंका है कि यदि सुरक्षा स्थिति बिगड़ती है तो चीन अपने इंजीनियरों और कर्मचारियों को वापस बुला सकता है, जिससे अरबों डॉलर की परियोजनाएं प्रभावित हो सकती हैं।
खैबर में 24 आतंकियों के मारे जाने का दावा
दूसरी ओर, पाकिस्तान ने दावा किया है कि खैबर प्रांत के बन्नू जिले में आतंकवाद विरोधी अभियान के दौरान 24 आतंकवादी मारे गए हैं।
पाकिस्तानी अधिकारियों के अनुसार, मारे गए सभी आतंकवादी तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) से जुड़े थे और उनके पास से बड़ी मात्रा में हथियार बरामद किए गए हैं। पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने इस अभियान की सराहना की है।
हाल के महीनों में अफगानिस्तान-पाकिस्तान सीमा पर सुरक्षा स्थिति लगातार तनावपूर्ण बनी हुई है। पाकिस्तान और अफगानिस्तान एक-दूसरे पर सीमा पार आतंकवाद और हिंसा को लेकर आरोप लगाते रहे हैं।
